99.12 लाख रुपये के कथित गबन का मामला, सरिया पुलिस ने की कार्रवाई
सारंगढ़-बिलाईगढ़ ( CG News Focus): जिले के धान उपार्जन केंद्र साल्हेओना में धान खरीदी के दौरान गंभीर अनियमितताओं का मामला सामने आया है। जांच में बिना वास्तविक धान आवक के किसानों के नाम पर फर्जी ऑनलाइन एंट्री कर लगभग 99.12 लाख रुपये के गबन का आरोप सामने आने के बाद सरिया पुलिस ने समिति प्रबंधक एवं कंप्यूटर ऑपरेटर को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, धान उपार्जन केंद्र साल्हेओना (पंजीयन क्रमांक-245) में वर्ष 2025-26 के खरीफ विपणन सीजन के दौरान 15 नवंबर 2025 से 6 फरवरी 2026 तक धान खरीदी की गई थी। धान खरीदी में अनियमितता की शिकायत मिलने पर जिला कलेक्टर सारंगढ़-बिलाईगढ़ द्वारा जांच टीम गठित की गई।
जांच में सामने आई बड़ी गड़बड़ी
जांच दल में तहसीलदार सरिया कोमल प्रसाद साहू, सहायक खाद्य अधिकारी विद्यानंद पटेल, सहकारी निरीक्षक अजय सिंह सिदार एवं संग्रहण केंद्र प्रभारी लकेश्वर टंडन शामिल थे। टीम द्वारा किए गए भौतिक सत्यापन में 3140.80 क्विंटल धान की कमी पाई गई, जिसकी अनुमानित कीमत 97,36,480 रुपये बताई गई है। इसके अलावा 2045 नग नए जूट बारदानों की कमी भी पाई गई, जिनकी कीमत 1,75,931 रुपये आंकी गई।
इस प्रकार कुल 99,12,411 रुपये से अधिक की वित्तीय अनियमितता सामने आई।
किसानों के नाम पर फर्जी खरीदी का आरोप
जांच के दौरान समिति प्रबंधक बंशीधर पटेल एवं कंप्यूटर ऑपरेटर वासुदेव पटेल से पूछताछ की गई। आरोप है कि किसानों के नाम से बिना वास्तविक धान आवक के फर्जी टोकन जारी किए गए, तौल दर्शाई गई और बायोमेट्रिक डिवाइस तथा आईरिश स्कैनर के माध्यम से ऑनलाइन धान खरीदी की प्रविष्टियां की गईं।
प्राथमिक जांच में किसानों की मिलीभगत से शासन एवं समिति को लगभग 99 लाख रुपये से अधिक की आर्थिक क्षति पहुंचाने का मामला सामने आया है।
महत्वपूर्ण दस्तावेज और उपकरण जब्त
पुलिस ने विवेचना के दौरान समिति प्रबंधक से तौल पर्चियां, ओटीपी संबंधित मोबाइल तथा कंप्यूटर ऑपरेटर से दो कंप्यूटर सिस्टम, बायोमेट्रिक डिवाइस एवं आईरिश स्कैनर जब्त किए हैं।
दोनों आरोपी गिरफ्तार
मामले में पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद समिति प्रबंधक बंशीधर पटेल एवं कंप्यूटर ऑपरेटर वासुदेव पटेल को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
पुलिस टीम की रही अहम भूमिका
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक एन.एल. राठिया, प्रधान आरक्षक सुरेंद्र सिदार, मोहन गुप्ता, विजय यादव तथा आरक्षक लक्ष्मीनारायण पटेल, दिगंबर पटेल एवं महिला आरक्षक सविता यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
प्रशासन का सख्त संदेश
धान खरीदी व्यवस्था में पारदर्शिता बनाए रखने और सरकारी धन के दुरुपयोग को रोकने के लिए प्रशासन द्वारा लगातार निगरानी की जा रही है। इस कार्रवाई को धान उपार्जन प्रणाली में जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
(cg news focus)









